गरियाबंद।
ट्रेड एक्सपो ट्रेडिंग एप में निवेश के जरिए छत्तीसगढ़ में करोड़ों की धोखाधड़ी करने वाले एजेंट गिरोह का मास्टर माइंड अरुण द्विवेदी अब पुलिस की गिरफ्त में है. यह गिरफ्तारी गरियाबंद पुलिस की स्पेशल टीम ने मध्यप्रदेश से की है. सूत्र बताते हैं कि अरुण भोपाल में हेड ऑफिस डालकर सारा नेटवर्क फैलाया था. मामले में तीन लोकल एजेंट को पुलिस सोमवार को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है. मामले में और भी गिरफ्तारी होनी है.
बता दे कि निवेशकों को एक प्रतिशत रोजाना ब्याज देने वाली कंपनी अपने एजेंटों को 10 प्रतिशत की मोटी कमीशन देती थी. एजेंटों के सुख-सुविधाओं पर भी भारी भरकम खर्च करती थी. प्रति माह भोपाल में गेट टू गैदर होता था. बताया जा रहा है कि छत्तीसगढ़ में निवेश का रकम 10 करोड़ तक पहुंच सकती है. अब तक गरियाबंद में 5 करोड़ की ठगी का मामला सामने आ चुका है. मामले के खुलासे के बाद प्रदेश के अन्य प्रभावित जिले में भी शिकायत दर्ज कराने की तैयारी निवेशक कर रहे हैं. बता दें कि 19 दिसंबर को प्रार्थी संतोष देवागन द्वारा एक लिखित आवेदन पेश किया था, जिसमें राजाराम तारक, शरदचन्द्र शर्मा, कमलेश साहू, यशवंत नाग एवं अरुण द्विवेदी के द्वारा ट्रेड एक्सपो कंपनी में अधिक लाभांश मिलने की लालच देकर करीबन 4,83,30,000 रुपए जमा कराकर वापस नहीं करते हुए धोखाधड़ी करने की लिखित शिकायत दी थी. मामले में राजिम थाना प्रभारी ने आरोपियों के विरुद्ध अपराध धारा 420, 34 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया.
पहले इनकी हुई थी गिरफ्तारी
मामले में इसके पहले आईलैंड कालोनी, अमलेश्वर थाना, जिला दुर्ग निवासी शरदचंद्र शर्मा पिता स्व. रिपुदमन शर्मा शर्मा (50 वर्ष), पिपरछेडी, थाना राजिम, जिला गरियाबंद निवासी यशवंत कुमार नाग पिता स्व. परस राम नाग (45 वर्ष), श्यामाप्रसाद मुखर्जी वार्ड, भाटापारा थाना, जिला बलौदाबाजार निवासी कमलेश साहू पिता गोरे लाल साहू (34 वर्ष) गिरफ्तारी हो चुकी है.
The Noble Indian Latest & Breaking News Updates In Hindi